सरायअकिल थाना क्षेत्र में बरामद हुई 37 लाख की शराब । आखिर क्या कर रही थी पुलिस.

कौशाम्बी।  आखिर कहां थी एलआईयू और कहां थी स्थानीय पुलिस । आबकारी विभाग थपथपा रहा है अपनी पीठ ।


जिले मे मिली सराय अकिल की शराब ने अपने पीछे खाकी पर कई दाग छोड़ें है । जिले में हर चौराहे पर पुलिस रहती है और भारी मात्रा में शराब पुलिस की नाक के नीचे डम्प हो गई । आखिर शराब किस रास्ते से आई यह पुलिस पर एक सवालिया निशान है । जिले की एलआईयू क्या कर रही थी, स्थानीय पुलिस क्या कर रही थी, यातायात पुलिस क्या कर रही थी , किस रास्ते से शराब आई और पुलिस को पता नहीं चला यह अपने आप में बहुत बड़ा सवाल है और कहीं ना कहीं पुलिस की मिलीभगत है तभी सरायअकिल थाना क्षेत्र के 1 किलोमीटर दूरी पर इतनी भारी मात्रा में अवैध शराब डम्प हुई है । 


सवाल इस बात का है कि शराब गंतव्य स्थान तक पहुंची तो कोई हवाई मार्ग नहीं था , इसमे कहीं न कहीं शराब माफियाओं ने सड़क मार्ग का इस्तेमाल किया होगा । यहां यह लाजिमी है कि इतनी बड़ी मात्रा में शराब इस क्षेत्र में पहुंच गई वह भी जिले के मार्ग से और पुलिस को भनक तक नहीं लगी है । 


बता दे कि यह वही पुलिस है जो सुबह से शाम तक चौराहों पर चेकिंग लगाती है और हेलमेट के नाम पर प्रदूषण के नाम पर गरीबों और मजदूरों पर कहर ढाती है और इतने बड़े माफिया शराब की  तस्करी पुलिस की नाक के नीचे लाखों की शराब जमा किए थे और पुलिस को पता नहीं चला तो इसमे कहीं ना कहीं खाकी में दाग है ।


सूत्रों की माने तो इस अवैध शराब तस्करी के मामले में स्थानीय थाने से लेकर जी0टी0 रोड के सारे थाने तस्करों से मिले हुए हैं । यही कारण है कि शराब का कारोबार और गढ़ सराय अकिल थाना क्षेत्र बना है । चौंकाने वाली बात तो यह है कि शराब तस्करी के मामले में कहीं ना कहीं स्थानीय नेता और पुलिस का गठजोड़ इतने बड़े मामले को बढ़ावा दे रहा है।