वाराणसीः समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री के तेवर तल्ख, अफसरों को लगाई फटकार


दो दिवसीय दौरे पर शुक्रवार की देर शाम वाराणसी पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्मार्ट काशी का वृहद प्लान बनाने का सुझाव दिया। इसमें सड़क, बिजली,  पानी और यातायात से जुड़ी जन सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए कार्ययोजना बनाई जाएगी।


सर्किट हाउस में विकास कार्यों और कानून व्यवस्था की समीक्षा में जन सहूलियतों में  लापरवाही पर नाराजगी जताई। उन्होंने वरुणा पार की पेयजल परियोजना में बड़ी गड़बड़ी करने वाले जल निगम के अधिकारियों और ठेकेदारों पर एफआईआर दर्ज कराकर गिरफ्तारी का  निर्देश दिया। 


शहर की सड़कों की दयनीय हालत पर योगी ने नाराजगी जताई और सभी  विभागों को समन्वय कर काम करने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों की कार्यशैली पर सवाल किया और शहर की  खराब सड़कों पर नाराजगी जताई। 


जगह-जगह चल रहीं परियोजनाओं में सुरक्षा मानकों के पालन और स्वच्छता का निर्देश दिया। कहा कि काशी को स्वच्छता के क्षेत्र में देश में नंबर वन बनाना है। इसके लिए जनभागीदारी के साथ ही शहर के लिए विस्तृत योजना बनानी होगी।



राजकीय निर्माण निगम के अधिकारियों को फटकार लगाई
  मुख्यमंत्री  ने समीक्षा बैठक के दौरान दीनदयाल उपाध्याय राजकीय अस्पताल परिसर में बन रहे 50 बेड के मैटर्निटी विंग के निर्माण कार्य की धीमी प्रगति पर राजकीय निर्माण निगम के अधिकारियों को फटकार लगाई। रोहनिया विधायक सुरेंद्र नारायण सिंह ने पंचक्रोशी मार्ग की गुणवत्ता की शिकायत की तो मुख्यमंत्री ने चेतावनी दी कि परियोजनाओं को समय से गुणवत्तापूर्ण पूरा करने में कोई समझौता नहीं होना चाहिए। 


परियोजनाओं के गुणवत्ता की जांच में खामी मिलने पर अधिकारियों की जिम्मेदारी तय कर उन्हें जेल भेजा जाएगा। इस दौरान नगर विकास और जिले के प्रभारी मंत्री आशुतोष टंडन, राज्यमंत्री डा. नीलकंठ तिवारी, रविंद्र जायसवाल, मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।