अनुभवी खिलाड़ी नोवाक जोकोविच और सेरेना विलियम्स, जोकोविच और रिकॉर्ड 24वां मेजर खिताब जीतने की कोशिश में जुटी


अनुभवी खिलाड़ी नोवाक जोकोविच और सेरेना विलियम्स सोमवार से यहां शुरू होने वाले ऑस्ट्रेलियाई ओपन में खिताब हासिल करने की कोशिश करेंगे। हाल में जंगल में लगी आग का धुंआ मेलबर्न में अब लगभग खत्म हो गया है जिसको लेकर खिलाड़ियों को काफी परेशानी थी। जोकोविच और रिकॉर्ड 24वां मेजर खिताब जीतने की कोशिश में जुटी सेरेना प्रबल दावेदार हैं। शीर्ष वरीय राफेल नडाल (33 वर्ष) तीसरे दशक में दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी बनने का जश्न मना रहे हैं जबकि रोजर फेडरर (38 वर्ष) यह दिखाने की कोशिश कर रहे हैं कि बढ़ती उम्र का उन पर कोई असर नहीं पड़ा है।  

 


बिग-थ्री और सेरेना पर नजर



वर्ष 2020 की शुरुआत 2010 से अलग नहीं है जब फेडरर और नडाल ने चार ग्रैंडस्लैम खिताब साझा किए थे और सेरेना ने मेलबर्न व विंबलडन में ट्रॉफी हासिल की थी। दस साल बाद पुरुष वर्ग में ‘बिग थ्री’ ने 2004 के बाद से दो ऑस्ट्रेलियाई ओपन खिताब को छोड़कर सभी ट्रॉफियां जीती हैं। सेरेना ग्रैंडस्लैम खिताब जीतने के मार्गरेट कोर्ट के रिकॉर्ड से महज एक कदम दूर हैं। पुरुष खिलाड़ियों का वर्चस्व बरकरार है।

2003 में फेडरर ने अपना पहला ग्रैंडस्लैम खिताब जीता था और तब से केवल पांच मेजर फाइनल ऐसे रहे हैं जिसमें स्विट्जरलैंड का यह खिलाड़ी, नडाल या जोकोविच नहीं खेले हैं। कई चुनौतियां आईं और गईं, लेकिन पुरुष वर्ग में युवा पीढ़ी से उम्मीदें काफी बढ़ गई हैं जबकि सेरेना के 2017 में मेलबर्न में 23वां ग्रैंडस्लैम जीतने के बाद से नौ महिलाओं ने मेजर खिताब अपने नाम किए। 

पिछले साल जहां जोकोविच और नडाल ने खिताब जीते तो वहीं डोमिनिक थिएम, दानिल मेदवेदेव और फैबियो फोगनिनी ने अपनी पहली मास्टर्स ट्रॉफियां हासिल की जबकि स्टेफोनस सिटसिपास (21) 18 वर्षों में युवा एटीपी फाइनल्स चैंपियन बने।




39 साल की वीनस की पहली टक्कर 15 साल की कोको से 



अनुभवी और युवा खिलाड़ियों के बीच भिड़ंत सोमवार को पहले दौर में दिखेगी जब वीनस विलियम्स (39 वर्ष) का सामना 15 साल की उभरती हुई स्टार कोको गॉफ से होगा। कोको तब पैदा भी नहीं हुई थी जब अमेरिका की प्रतिद्वंद्वी ने 2000 में अपना पहला ग्रैंडस्लैम खिताब जीता था। 
 




ओसाका और बार्टी में होड़



जापान की नाओमी ओसाका (22 वर्ष) लगातार दूसरे ग्रैंडस्लैम में खिताब का बचाव करेंगी। दुनिया की नंबर एक एश्ले बार्टी पर ऑस्ट्रेलिया की उम्मीदें टिकी होंगी जो 1978 के बाद से स्वदेश में पहली महिला विजेता बनना चाहेंगी। उन्होंने शनिवार को एडिलेड में खिताब जीता था।