यसओजी पुलिस की मौजूदगी में हुआ युवक पर प्राणघातक हमला।

कौशांबी। मंझनपुर कोतवाली क्षेत्र के कादीपुर स्थित एक एक खूंखार अपराधी के परिसर से बीते दो वर्षों से गांजा तस्करी का बड़ा खेल संचालित हो रहा है गांजा तस्करी में लिप्त सरगना और उनके सदस्यों को एक बिधायक का संरक्षण मिला है जिससे अधिकारी कार्यवाही का साहस नही कर पाते 


जेल में बन्द खूंखार अपराधी के परिसर में गुरुवार की रात 9:00 बजे अंकित तिवारी पर प्राणघातक हमला जब गांजा माफियाओं ने किया तो उस समय खूंखार अपराधी के परिसर में एसओजी पुलिस भी हमले के समय मौके पर मौजूद रही लेकिन गांजा तस्करों के प्राणघातक हमले की घटना को एसओजी पुलिस ने गांजा तस्करों को रोकने का प्रयास नहीं किया है 


सूत्रों की मानें तो पुलिस आबकारी की संलिप्तता से गांजा तस्करी का यह बड़ा खेल बीते दो साल से बेख़ौफ़ तरीके से फल फूल रहा है सूत्र बताते हैं कि जेल में बंद खूंखार अपराधी के परिसर में भारी तादाद में गांजा का भंडार भी होता है चर्चाओं पर जाए तो गांजे की बड़ी खेप ट्रकों में बाहर से मंगाई जाती है और इस परिसर में भंडारण किया जाता है फिर इसी परिसर से गांजे की खेप को जिले के विभिन्न क्षेत्रों में मौजूद गांजा तस्करों की दुकानों तक रात में लग्जरी वाहनों से पहुंचाया जाता है पर्दे के पीछे से गांजा तस्करों को एक विधायक का संरक्षण मिला है जिससे अधिकारी कार्यवाही करने का साहस नही कर पाते


जेल में बन्द खूंखार अपराधी के कादीपुर स्थित परिसर में यह गांजा सप्लाई का खेल बीते 2 वर्षों से बेख़ौफ़ चल रहा है बेख़ौफ़ चल रहे गांजा के खेल में जिले की पुलिस और आबकारी विभाग के अधिकारियों को गांजे की सप्लाई की भनक लगी है या फिर जानबूझकर यह अधिकारी अनजान बनने का प्रयास कर रहे हैं यह जांच का विषय है और जांच हुई तो यसओजी पुलिस के साथ आबकारी बिभाग के अधिकारियों का यह बड़ा खेल उजागर होना तय है लेकिन क्या योगीराज में फल-फूल रहा गांजा तस्करी का यह बड़ा खेल बंद हो पाएगा और गांजा तस्कर जेल के सलाखों के पीछे होंगे यह बड़ा सवाल है